Friday, March 21, 2008

फागुन गीत




होली की रंगारंग शुभकामनाएँ ......... खेलो रंग अबीर गुलाल, रंगीला फागुन आया

रंगीला फागुन आया

खेलो रंग अबीर गुलाल, रंगीला फागुन आया
सारे टेसू हो गये लाल, रंगीला फागुन आया
ली भर-भर कर पिचकारी, एक दूजे को मारी !

लो मच गया खूब धमाल, रंगीला फागुन आया
खेलो रंग अबीर गुलाल, रंगीला फागुन आया
सब तन-मन से हैं गीले और चेहरे नीले-पीले !

है हर कोई बे-हाल, रंगीला फागुन आया
खेलो रंग अबीर गुलाल, रंगीला फागुन आया
वो हुड़दंगों की मस्ती, रंगीली हो गयी बस्ती ।

नहीं बचने की कोई मजाल, रंगीला फागुन आया
खेलो रंग अबीर गुलाल, रंगीला फागुन आया
कोई तासे ढोल बजावे, कोई भांग छान कर लावे ।

किसी की बहक रही है चाल, रंगीला फागुन आया
खेलो रंग अबीर गुलाल, रंगीला फागुन आया
क्या अपने और पराये, रंग डाले गले लगाये ।

दुश्मनी भूल गये यशपाल, रंगीला फागुन आया
खेलो रंग अबीर गुलाल, रंगीला फागुन आया
खेलो रंग अबीर गुलाल, रंगीला फागुन आया
सारे टेसू हो गये लाल, रंगीला फागुन आया

-यशपाल सिंह 'रवि`
एस.पी.एम., होशंगाबाद

Wednesday, June 06, 2007

चिड़िया और साँप

यह दुर्लभ चित्र यशपाल सिंह जी के द्वारा लिया गया है



चिड़िया और साँप

Tuesday, November 08, 2005

परिचय








यशपाल सिंह रवि
जन्म- 01 मार्च 1960
जन्म स्थान- चन्दपुर, सहारनपुर (उ.प्र.)
शिक्षा- इलेक्ट्रानिक्स इंजीनियरिंग में त्रिवर्षीय डप्लोमा (रुड़की से)
ए. एम. आई. ई. (इलेक्ट्रानिक्स एवं कम्यूनिकेशन) एवं डिप्लोमा इन मैनेजमेंट
सम्प्रति- सहायक प्रबंधक (ई॰ ऍण्ड आई॰)
सम्पर्क-
4/5 एस॰पी॰एम॰
होशंगाबाद (म॰प्र॰) 460005
दूरभाष- 07574- 255398 (निवास)
07574- 255024 (कार्यालय)

e-mail- yps_spm@yahoo.co.in

जालघर- www.yeshpal.blogspot.com
***





विविध लिंक

* राजभाषा संवाद

* अनुभूति में

* Yeshpal singh

कुछ कविताएँ

सरस्वती वंदना
मेरे देश का किसान
आ गया बसन्त


एकता
ईमान
अपने साथी



Saturday, November 05, 2005

फोटो गैलरी

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Friday, November 04, 2005

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